चौधवीं का चाँद July 9, 2018, 5:06 pm July 9, 2018 शेर-शायरी आसमान के काले पर्दे पर मैंने तेरे लिए चौधवीं का चाँद उभारा है, उसकी रोशनी न मद्धम पड़े इसलिए सभी सितारों को ज़मीन पर उतारा है।